पामगढ़ में मारपीट से युवक की मौत के मामले में दो फरार आरोपी गिरफ्तार
2 हजार रुपये की उधारी को लेकर हुआ था विवाद, गंभीर चोटों के बाद इलाज के दौरान युवक ने तोड़ा दम; मुख्य आरोपी पहले ही जा चुका है जेल
जांजगीर-चांपा, 23 अक्टूबर 2026। जिले के पामगढ़ थाना क्षेत्र में उधारी के 2 हजार रुपये मांगने को लेकर हुए विवाद में युवक की मारपीट से मौत के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। मामले में फरार चल रहे दो आरोपियों ओमीश कुर्रे उर्फ सोनू (21 वर्ष) और मन कुर्रे (19 वर्ष) को पामगढ़ पुलिस ने गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। इस प्रकरण में मुख्य आरोपी अविनाश उर्फ मन्नू कुर्रे (26 वर्ष) को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज चुकी है।
उधारी के पैसों को लेकर हुआ था विवाद
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, घटना 29 अगस्त 2026 की दोपहर की है। उधारी के 2 हजार रुपये मांगने की बात को लेकर आरोपी अविनाश उर्फ मन्नू कुर्रे और उसके साथियों का रमेश टंडन उर्फ महेश तथा उनके पुत्र शिवा उर्फ भोलेशंकर टंडन के साथ विवाद हो गया। आरोप है कि इस दौरान आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए हाथ-मुक्कों और लकड़ी के डंडे से मारपीट की।
हमले में शिवा उर्फ भोलेशंकर के सिर, पैर, पीठ और कमर में गंभीर चोटें आईं। घायल युवक को उपचार के लिए रायपुर स्थित डीकेएस अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां 30 अगस्त 2026 को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
हत्या की धारा जोड़कर शुरू हुई कार्रवाई
युवक की मौत के बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रकरण में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) सहित अन्य संबंधित धाराएं जोड़ीं। इसके बाद से ही फरार आरोपियों की तलाश की जा रही थी।
पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय (आईपीएस) के निर्देशन में पामगढ़ पुलिस फरार आरोपियों की लगातार पतासाजी कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर पुलिस ने ओमीश कुर्रे उर्फ सोनू और मन कुर्रे को पकड़ लिया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में दोनों ने घटना में शामिल होना स्वीकार किया, जिसके बाद उन्हें विधिवत गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस टीम की रही सराहनीय भूमिका
इस कार्रवाई में पामगढ़ थाना प्रभारी निरीक्षक राकेश सूर्यवंशी, उप निरीक्षक कविता टंडन, सहायक उप निरीक्षक कृष्ण कुमार कोशले, सीताराम सूर्यवंशी और बेदराम पटेल सहित थाना पामगढ़ पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
पुलिस की कार्रवाई के बाद मामले में दो और आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी पहले ही हो चुकी है। पुलिस ने मामले में वैधानिक कार्रवाई आगे बढ़ाई है।