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इंस्टाग्राम दोस्ती के जाल में फंसी नाबालिग, आरोपी गिरफ्तार धरमजयगढ़ पुलिस ने दादर मुंबई से खोज निकाली लापता बालिका

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फर्स्ट छत्तीसगढ़ न्यूज़ से ललिता बरेठ

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अभियान संवेदना की बड़ी सफलता: मुंबई और राजस्थान से दो लापता नाबालिग बालिकाएं सकुशल बरामद

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रायगढ़, 08 जून 2026। रायगढ़ पुलिस द्वारा संचालित “अभियान संवेदना” के तहत लापता बच्चों और महिलाओं की खोजबीन में महत्वपूर्ण सफलता हासिल हुई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशि मोहन सिंह के निर्देशन में धरमजयगढ़ और कोतरारोड़ पुलिस ने अलग-अलग मामलों में दो लापता नाबालिग बालिकाओं को सकुशल दस्तयाब किया है। इनमें एक बालिका को मुंबई के दादर क्षेत्र से तथा दूसरी को राजस्थान के डिडवाना जिले से बरामद किया गया।
धरमजयगढ़ थाना क्षेत्र की 17 वर्षीय बालिका 24 मई 2026 को घर से बिना बताए चली गई थी। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर अपराध क्रमांक 148/2026, धारा 137(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की। लगातार पतासाजी और तकनीकी सहायता के आधार पर पुलिस को सूचना मिली कि बालिका मुंबई में है।


थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े के नेतृत्व में एएसआई मंजू मिश्रा सहित पुलिस टीम मुंबई रवाना हुई और दादर क्षेत्र से बालिका को सकुशल बरामद किया। पूछताछ में बालिका ने बताया कि पढ़ाई को लेकर घर में डांट-फटकार से नाराज होकर वह घर छोड़कर निकल गई थी और ट्रेन यात्रा के दौरान एक ट्रांसजेंडर के संपर्क में आने के बाद मुंबई पहुंच गई थी।
रायगढ़ पुलिस ने बालिका को सुरक्षित वापस लाकर उसकी काउंसलिंग कराई तथा आवश्यक सुरक्षा और जागरूकता संबंधी जानकारी प्रदान की। इसके बाद बालिका को उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। पुलिस ने परिजनों को भी बच्चों के साथ सकारात्मक संवाद बनाए रखने और संवेदनशील व्यवहार अपनाने की सलाह दी।


वहीं कोतरारोड़ थाना क्षेत्र से वर्ष 2022 में लापता हुई नाबालिग बालिका को राजस्थान के डिडवाना जिले से बरामद किया गया। जांच में सामने आया कि आरोपी ने इंस्टाग्राम के माध्यम से दोस्ती कर नाबालिग को बहला-फुसलाकर अपने साथ राजस्थान ले गया था, जहां उससे विवाह कर उसका शारीरिक शोषण किया गया। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है।
एसएसपी श्री शशि मोहन सिंह ने कहा कि लापता बच्चों और महिलाओं की त्वरित खोजबीन कर उनकी सुरक्षित बरामदगी रायगढ़ पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है तथा ऐसे मामलों में संवेदनशीलता और तत्परता के साथ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
धरमजयगढ़ प्रकरण की सफल कार्रवाई में एसडीओपी सिद्धांत तिवारी के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े, एएसआई मंजू मिश्रा, महिला आरक्षक सोनम उरांव एवं आरक्षक विजयनंद राठिया की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

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