मल्दा
में रामकीर्तन कश्यप की अनूठी आराधना, शरीर पर जवारे धारण कर कर रहे शक्ति की साधना
नौ दिनों तक एक ही आसन पर लेटकर माता ठाकुराइन दाई की उपासना का लिया संकल्प, भक्त की तपस्या देखने दूर-दूर से पहुंच रहे श्रद्धालु
बिर्रा/मल्दा। क्वांर शारदीय नवरात्रि के पावन अवसर पर जनपद पंचायत जैजैपुर अंतर्गत गौरव ग्राम पंचायत मल्दा स्थित मां ठाकुराइन दाई मंदिर में भक्ति और आस्था का अनूठा दृश्य देखने को मिल रहा है। यहां माता रानी के परम भक्त रामकीर्तन कश्यप अपनी विशेष साधना के कारण क्षेत्र में चर्चा का विषय बने हुए हैं। शरीर पर जवारे धारण कर नौ दिनों तक एक ही आसन पर लेटकर माता की आराधना करने का उनका संकल्प श्रद्धालुओं के बीच आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
शरीर पर जवारे धारण कर नौ दिनों की साधना
जानकारी के अनुसार, मल्दा निवासी रामकीर्तन कश्यप, पिता रामनाथ, ने नवरात्रि के दौरान मां ठाकुराइन दाई की आराधना के लिए विशेष संकल्प लिया है। वे मंदिर परिसर में एक ही अवस्था में लेटकर अपने शरीर पर जवारे धारण किए हुए हैं। इस दौरान माता की ज्योति प्रज्वलित कर विधि-विधान से आराधना की जा रही है। बताया जा रहा है कि साधना के दौरान उन्होंने अन्न का त्याग किया है और प्रतिदिन केवल दूर्वा का रस तथा दो चम्मच जल ग्रहण कर रहे हैं।
अटूट आस्था और समर्पण की चर्चा
माता रानी के प्रति रामकीर्तन कश्यप की अटूट आस्था और समर्पण को देखने के लिए गांव सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंच रहे हैं। भक्त की इस अनूठी आराधना को लेकर क्षेत्र में विशेष उत्सुकता बनी हुई है। मंदिर में पहुंचकर श्रद्धालु मां ठाकुराइन दाई के दर्शन कर परिवार की सुख-शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना कर रहे हैं।
भक्तिमय हुआ मल्दा का माहौल
नवरात्रि के दौरान ग्राम मल्दा का वातावरण भक्तिमय बना हुआ है। मां दुर्गा की आराधना, पूजा-अर्चना और श्रद्धालुओं की आवाजाही से मंदिर परिसर में धार्मिक उत्साह दिखाई दे रहा है। दूर-दूर से पहुंचे श्रद्धालु माता की महिमा का गुणगान करते हुए रामकीर्तन कश्यप की साधना के प्रति अपनी श्रद्धा व्यक्त कर रहे हैं और उनके संकल्प की पूर्ति की कामना कर रहे हैं।
नवरात्रि के इस पावन पर्व पर रामकीर्तन कश्यप की आराधना क्षेत्र में धार्मिक आस्था, श्रद्धा और समर्पण की एक अनूठी मिसाल के रूप में देखी जा रही है।