Advertisement Carousel
छत्तीसगढ़

सीएम साय ने की जवानों की सराहना – कहा ‘छाया नहीं, पानी नहीं, फिर भी डटे हैं वीर’

Ad

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बस्तर में माओवादियों के खिलाफ निर्णायक लड़ाई जारी है. कर्रेगुट्टा की पहाड़ियों पर जवानों ने नक्सलियों को घेर रखा है. ऑपरेशन में जवानों ने 3 महिला नक्सलियों को ढेर किया है. इस बीच मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सबसे बड़े एंटी नक्सल ऑपरेशन को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने रणभूमि पर डटे जवानों के हौसले को सराहा है.

Advertisements

प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कर्रेगुट्टा पहाड़ी पर जारी एंटी नक्सल ऑपरेशन पर आज कहा कि उन्होंने छत्तीसगढ़ और तेलंगाना बॉर्डर के कर्रेगुट्टा पहाड़ी पर चल रहे सबसे बड़े एंटी नक्सल ऑपरेशन को लेकर अधिकारियों से चर्चा कर जानकारी ली है. रणभूमि में हमारे वीर जवान 44 डिग्री की तीव्र गर्मी, पानी की कमी और बिना छांव जैसी चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच भी डटे हुए हैं। उन्होंने जवानों के शौर्य और पराक्रम को नमन करते हुए सराहना की है.

Advertisements

बता दें कि छत्तीसगढ़ और तेलंगाना के सरहदी इलाके के कर्रेगुट्टा की पहाड़ियों पर जवानों और नक्सलियों के बीच काफी दिनों तक मुठभेड़ चली. अभी भी जवानों ने नक्सलियों को घेर रखा है. मुठभेड़ के दौरान सुरक्षा बलों ने 5 नक्सलियों को मार गिराया है, जिनमें से 3 के शव और हथियार बरामद किए गए हैं.

भारत ने सिंधु जल संधि पर कसा शिकंजा: पाकिस्तान को नहीं मिलेगा एक बूंद भी पानी, जलशक्ति मंत्री ने बताए तीन बड़े प्लान

बड़े नक्सली लीडर की सूचना मिलते ही तेलंगाना, आंध्रप्रदेश और छत्तीसगढ़ की फोर्स को मिलाकर एक स्पेशल ऑपरेशन प्लान किया गया. युवा और जांबाज जवानों की टीम तैयार की गई, जो इन दुर्गम पहाड़ियों में टिक सके, लड़ सके और जीत सके. अब तक इस ऑपरेशन को 7 दिन हो चुके हैं. जवानों ने चारों तरफ से पहाड़ियों को घेर लिया है और धीरे-धीरे चोटी की ओर बढ़ रहे हैं.

हालांकि गर्मी ने भी एक बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है. अब तक 40 जवान हीटवेव का शिकार हो चुके हैं, जिन्हें एयरलिफ्ट कर इलाज के लिए अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. इस ऑपरेशन को सफल बनाने बिहार, झारखंड से भी सुरक्षा बल के जवानों को बुलाया गया है. करीब 1 महीने का राशन और पहाड़ पर प्राकृतिक पानी के स्रोत नक्सलियों को ताकत दे रहे हैं. ऑपरेशन के दौरान जवानों को एक गुफा भी मिली, जिसमें एक शिवलिंग स्थापित था, लेकिन वहां कोई नक्सली नहीं मिला.

सूत्रों के मुताबिक, कर्रेगट्टा की पहाड़ियों पर नक्सली लीडर हिड़मा, दामोदर, बल्ली प्रकाश, आजाद ये सभी बड़े सीसी मेंबर मौजूद हैं. इनके साथ चंद्रन्ना, सुजाता, विकल्प, विज्जा, उर्मिला, गंगा, अभय, पापा राव और देवा के अलावा बटालियन नंबर 1 और 2 के लगभग सभी बड़े नक्सली भी वहां मौजूद हैं. यानी अगर ये ऑपरेशन सफल होता है तो बस्तर में नक्सलवाद की कमर टूट जाएगी.

फिलहाल पुलिस और सुरक्षा बलों ने ऑपरेशन को निर्णायक दौर में पहुंचा दिया है. हर दिन नक्सलियों के लिए आखिरी सुबह साबित हो रही है. कुछ दिन पहले ही पुलिस ने तीन महिला नक्सलियों के मारे जाने की पुष्टि की थी. साथ ही कई हथियार भी बरामद किए गए थे. पुलिस ने साफ कह दिया है कि जब तक नतीजा नहीं निकलेगा ऑपरेशन जारी रहेगा. यह बस्तर के इतिहास का सबसे बड़ा ऑपरेशन है और अब पूरे देश की नजर इस निर्णायक लड़ाई पर टिकी है.

Ad जय मेडिकल स्टोर स्थान: भारत माता चौक बिलासपुर रोड सारंगढ़
First Chhattisgarh News Ad

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button