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खरौद के लक्ष्मणेश्वर महादेव मंदिर में भव्य रूप से मनाया गया “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व”सोमनाथ मंदिर भारतीय संस्कृति और स्वाभिमान का प्रतीक – सांसद कमलेश जांगड़ेअटूट आस्था के 1000 वर्ष पूर्ण होने पर श्रद्धा और भक्ति के साथ हुआ आयोजन खरौद में वर्चुअल माध्यम से देखा गया सोमनाथ राष्ट्रीय शिखर कार्यक्रमसांस्कृतिक गौरव और राष्ट्र स्वाभिमान का संदेश लेकर आयोजित हुआ पर्व

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खरौद में श्रद्धा और स्वाभिमान के साथ मनाया गया “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व”
लक्ष्मणेश्वर महादेव मंदिर में हुआ भव्य आयोजन, सांसद सहित जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
जांजगीर-चांपा। “सोमनाथ स्वाभिमान पर्व – अटूट आस्था के 1000 वर्ष” के अवसर पर जिले के ऐतिहासिक एवं धार्मिक स्थल श्री लक्ष्मणेश्वर महादेव मंदिर, खरौद में श्रद्धा, भक्ति और सांस्कृतिक गौरव के साथ भव्य कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं श्रद्धालुओं ने सहभागिता की।
इस अवसर पर भगवान श्री लक्ष्मणेश्वर महादेव की विधिवत पूजा-अर्चना की गई तथा गुजरात के सोमनाथ से प्रसारित राष्ट्रीय शिखर कार्यक्रम का वर्चुअल प्रसारण भी श्रद्धालुओं को दिखाया गया। मंदिर परिसर भक्तिमय माहौल और सांस्कृतिक उत्साह से सराबोर नजर आया।

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कार्यक्रम में जांजगीर-चांपा लोकसभा सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े, पूर्व संसदीय सचिव श्री अम्बेश जांगड़े, जिला पंचायत अध्यक्ष इंजी. सत्यलता मिरी, नगर पंचायत खरौद अध्यक्ष श्री गोविंद यादव सहित कई जनप्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे।
सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े ने अपने संबोधन में कहा कि सोमनाथ मंदिर भारतीय संस्कृति, आस्था और स्वाभिमान का जीवंत प्रतीक है। उन्होंने कहा कि इतिहास में अनेक आक्रमणों और चुनौतियों के बावजूद भारत की सांस्कृतिक चेतना और धार्मिक आस्था कभी समाप्त नहीं हुई। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में धार्मिक एवं सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण और विकास को नई गति मिली है।


पूर्व संसदीय सचिव श्री अम्बेश जांगड़े ने कहा कि सोमनाथ मंदिर के पुनर्निर्माण के 75 वर्ष पूर्ण होना देश के लिए गौरव का विषय है। उन्होंने कहा कि कई बार आक्रमण और लूट के प्रयासों के बावजूद सोमनाथ मंदिर की आस्था और श्रद्धा को कभी समाप्त नहीं किया जा सका।
जिला पंचायत अध्यक्ष इंजी. सत्यलता मिरी ने कार्यक्रम को सांस्कृतिक स्वाभिमान और राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक बताते हुए कहा कि ऐतिहासिक मंदिर परिसर में प्रधानमंत्री के उद्बोधन को सुनना जिलेवासियों के लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति सदैव अटूट और अमर रही है।
कार्यक्रम में कलेक्टर श्री जन्मेजय महोबे, वनमंडलाधिकारी श्री हिमांशु डोंगरे, पामगढ़ एसडीएम सहित अन्य जनप्रतिनिधि, पार्षद एवं गणमान्य नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

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